Asaram’s disciple Shiva kidnapped and looted of Rs 2.50 lakh

Jodhpur: Shiva, who is in charge of Asaram Ashram’s management and other activities, has filed a case of his kidnapping and looting around 2.5 lakhs in Udayamandir police station. According to Shiva’s report, on the night of May 19, some people abducted from him from Abhay Command Control Center and took him to Meerut and Delhi and looted him there. On Friday, he reached Jodhpur and lodged a case
Asaram is serving a sentence in the jail in connection with the rape of a minor girl,
आसाराम के शिष्य शिवा का जोधपुर से अपहरण, मेरठ ले जाकर 2.5 लाख रुपए लूटे
जोधपुर. नाबालिग छात्रा से दुष्कर्म के मामले में जेल में सजा काट रहे आसाराम के आश्रम सहित अन्य कामकाज संभालने वाले शिष्य शिवा ने उदयमंदिर थाने में खुद के अपहरण और करीब ढाई लाख रुपए लूटने का मामला दर्ज कराया है। शिवा की रिपोर्ट के अनुसार 19 मई की रात को कुछ लोगों ने पुलिस के अभय कमांड कंट्रोल सेंटर के पास से अगवा कर लिया और मेरठ व दिल्ली ले जाकर उससे रुपए लूटे। शुक्रवार को वह जोधपुर पहुंचा और केस दर्ज कराया।
उदयमंदिर थानाधिकारी प्रदीप शर्मा ने बताया कि आसाराम के शिष्य शिवा उर्फ सवा पुत्र रामा हेठवाड़िया ने शुक्रवार रात को उपस्थित होकर रिपोर्ट दी है। इसमें बताया कि 19 मई को उसके मोबाइल पर परिचित नीरज का फोन आया था। उसने खुद को हाईकोर्ट गेट के बाहर खड़ा होने की बात कह परिवादी को वहां बुलाया। इस पर वह कार से हाईकोर्ट गेट के बाहर पहुंचा।
वहां नीरज के साथ एक महिला नीलम भी खड़ी थी। वे दोनों शिवा की कार में बैठ गए और कहा- गाड़ी को थोड़ा आगे ले लो। इस पर उसने कार अभय कमांड कंट्रोल सेंटर तक बढ़ाई, तो नीरज ने कार रुकवाई। यहां एक लड़का उसकी तरफ आया और ड्राइवर साइड की फाटक खोलकर उसे धक्का देकर हटाया।
उसी समय दो अनजान लड़के और आए और एक जना चालक की सीट पर बैठ गया। इसी दौरान नीलम ने शिवा के कंधे पर एक इंजेक्शन लगा दिया और नीरज उसके साथी ने उसे धमकाते हुए चुपचाप नहीं बैठने पर गोली मारने की बात कही। इसके कुछ देर बाद वह बेहोश हो गया। मेरठ के आसपास पहुंचने पर उसे होश आया, तो उन लोगों ने बताया कि तुम्हारा अपहरण कर लिया है और रुपए देने पर ही छोड़ेंगे। यहां सभी ने मिलकर करीब ढाई लाख रुपए लूट लिए।
इस दौरान आरोपियों ने उसके साथ कई बार मारपीट भी की। इससे उसके शरीर पर कई जगह चोटें आईं। बाद में एक चौराहे पर गाड़ी धीमी हुई, तो वह फाटक खोलकर उनके चंगुल से भाग निकला। किसी तरह जोधपुर पहुंचने के बाद वह पाल रोड स्थित आसाराम आश्रम के संचालक भरत भाई के साथ उदयमंदिर थाने पहुंचा। पुलिस अब अभय कमांड कंट्रोल सेंटर से जुड़े कैमरों की रिकॉर्डिंग खंगाल घटना की जांच में जुटी है।