संत देव मुरारी ने आत्मदाह की धमकी वापस ली; पीसी शर्मा ने कहा- उनकी मांगों पर विचार

भोपाल. कमलनाथ सरकार से कैबिनेट मंत्री का दर्जा और सुविधाएं मांग रहे संत देव मुरारी बाबू ने अपनी आत्मदाह करने की धमकी वापस ले ली है। प्रदेश के धर्मस्व मंत्री मंत्री पीसी शर्मा ने कहा है कि सरकार संत देव मुरारी बापू के पक्ष में विचार कर रही है।
सोमवार को भोपाल में पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने आत्मदाह करने की धमकी को वापस लेने के बाद कहा कि उनकी मंत्री से बात हो गई है। इसके पहले संत रविवार को भोपाल में प्रेस कॉन्फ्रेंस बुलाकर धमकी दी थी अगर उन्हें कैबिनेट मंत्री का दर्जा नहीं मिला तो वह मुख्यमंत्री आवास के बाहर सुसाइड कर लेंगे।
संत देव मुरारी बापू राम जन्मभूमि मंदिर निर्माण न्यास के प्रवक्ता और केसरिया हिंदू वाहिनी के अध्यक्ष हैं। इसके पहले कम्प्यूटर बाबा थे, जो समय-समय पर सरकार पर दबाव बनाते रहते हैं। देव मुरारी बापू कमलनाथ सरकार से कैबिनेट मंत्री का दर्ज मांग रहे हैं।
ये थी संत देव मुरारी बापू की डिमांड
देव मुरारी बापू ने कहा था कि चुनाव में भाजपा के खिलाफ माहौल बनाने का उन्हें इनाम मिलना चाहिए और गौ संवर्धन बोर्ड का उन्हें अध्यक्ष बनाना चाहिए। उन्होंने साफ कहा है कि सरकार ने उनकी नहीं सुनी तो वह आत्महत्या कर लेंगे। हालांकि मंत्रियों के आश्वासन के बाद संत देव मुरारी बाबू ने सुसाइड करने से इनकार कर दिया है। प्रदेश के मंत्री बाला बच्चन का कहना है कि इस बारे में फैसला मुख्यमंत्री कमलनाथ ही कर सकते हैं। वहीं, मंत्री पीसी शर्मा ने कहा है कि सरकार देव मुरारी बापू के पक्ष में विचार कर रही है। हालांकि, सरकार पर दबाव की सियासत का जवाब भी जल्द ही दिया जाएगा।
Saint Dev Murari withdrew the threat of self-immolation; PC Sharma said – Government is considering their demands