आगरा में ‘गायब’ हो गईं 50 लाख की लागत से बनी छह सड़कें, चौंकाने वाला है मामला

आगरा में ग्रामीण अभियंत्रण विभाग (आरईएस) ने पुरानी ईदगाह कालोनी में दो और विभव नगर के चार सेक्टरों में लगभग 50 लाख रुपये की छह सड़कें कागजों में बना दीं।
मुख्य विकास अधिकारी जे. रीभा ने नवनिर्मित सड़कों का मुआयना किया तो उन्हें मौके पर सड़कें ही नहीं मिलीं। इस पर उन्होंने ग्रामीण अभियंत्रण विभाग के अधिशासी अभियंता को नोटिस भेजा है।
आरईएस को पुरानी ईदगाह कॉलोनी में दो सड़कों का निर्माण करवाना था, जिनकी लागत तकरीबन 18 लाख रुपये थी। इसी तरह विभव नगर के एक से लेकर चार सेक्टरों में चार सड़कों का निर्माण कराया जाना था। इनकी कुल लागत तकरीबन 50 लाख रुपये थी।
इन सड़कों का सीडीओ ने निरीक्षण किया। साथ ही अधिकारियों की निरीक्षण आख्या का अवलोकन भी किया। ईदगाह कालोनी में निरीक्षण में किस स्थान पर कौन सी सड़क बनाई गई है, यह पता नहीं चला। निर्माण कार्य में बनाए गए प्राक्कलन का उल्लेख भी नहीं किया गया।
चार सड़कों की जानकारी स्पष्ट नहीं
सड़कों की लंबाई, चौड़ाई, मोटाई का भी उल्लेख विभागीय अधिकारियों ने अपनी निरीक्षण आख्या में नहीं किया। इसके अलावा सीडीओ ने कहा है कि विभव नगर में सेक्टर एक, दो, तीन और चार में बनवाई गई सड़कों की स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई।
दोनों स्थानों पर बनाई गई सड़कों की स्थिति, खर्च की गई धनराशि के बारे में नहीं बताया गया है। सीडीओ ने सड़कों के बारे में आरईएस के अधिशासी अभियंता को नोटिस भेजकर जवाब तलब किया है।
मुख्य विकास अधिकारी जे रीभा ने बताया कि पुरानी ईदगाह कालोनी और विभव नगर की सड़कों के निरीक्षण में नई सड़कों के बारे में जानकारी नहीं दी गई। निरीक्षण आख्या में भी खामियां मिली थीं। जवाब तलब किया गया है।
आरईएस के अधिशासी अभियंता वीरेंद्र सिंह ने बताया कि पुरानी ईदगाह कालोनी में दो सड़कें बनवा दी गई हैं, जबकि विभव नगर में अभी काम चल रहा है। नई सड़कों पर बोर्ड और व्यय आदि अंकित करवाया जाएगा।
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