सीबीआई को बृजेश ठाकुर के ठिकाने से मिले तीन बक्से कंडोम और शक्तिवर्धक दवाएं

ऑफिस के ऊपर बने मंजिल को सुइट जैसा बनाया गया था
पटना.मुजफ्फरपुर बालिका गृह मामले की जांच कर रही सीबीआई की टीम ने शुक्रवार को मुख्य आरोपी बृजेश ठाकुर के कई ठिकानों पर छापा मारा। राजधानी के बिहार म्यूजियम के पास स्थित बृजेश ठाकुर के अखबार प्रात: कमल के ऑफिस में भी सीबीआई ने रेड मारी। ऑफिस के ऊपर की मंजिल को सुइट जैसा बनाया गया था। सीबीआई को यहां से तीन कार्टन (बक्से) कंडोम मिले हैं। दो बक्से में बिना इस्तेमाल किए गए कंडोम रखे गए थे। वहीं, तीसरे में यूज हो चुके कंडोम भरे थे। मौके से कई दवाएं भी बरामद की गई हैं। इनमें से कुछ शक्तिवर्धक दवाएं भी थीं।
अखबार के दफ्तर के ऊपर बनाया था सुइट :अखबार के ऑफिस के ऊपर वाले फ्लोर में महंगे फर्नीचर, सोफा, पलंग और मसाजर रखे गए थे। ठंड के दिनों में परेशानी न हो इसके लिए रूम हीटर की भी व्यवस्था की गई थी। सुइट के साथ वाले रूम में कपड़े रखे थे साथ ही किचन भी था।
क्या है मामला?:मुंबई की टाटा इंस्टीट्यूट ऑफ सोशल साइंस की ‘कोशिश’ टीम की सोशल ऑडिट रिपोर्ट में सामने आया था कि बालिका गृह में रहने वाली बच्चियों के साथ दुष्कर्म हुआ है। 100 पेज की सोशल ऑडिट रिपोर्ट को टीम ने 26 मई को बिहार सरकार और जिला प्रशासन को भेजा। इसके बाद बालिका गृह से 44 किशोरियों को 31 मई को मुक्त कराया गया। इनको पटना, मोकामा और मधुबनी के बालिका गृह में भेजा गया। जांच रिपोर्ट में 34 बच्चियों के साथ यौन शोषण की पुष्टि हुई। बालिका गृह का संचालन कर रही एनजीओ के लोग बच्चियों के साथ रेप करते थे। इस कांड में नेताओं की भागीदारी की बात भी सामने आई थी। मामले में ब्रजेश ठाकुर, बालिका गृह की अधीक्षिका इंदू कुमारी समेत 9 लोगों को जेल भेजा जा चुका है। पुलिस ने तीन जून को ब्रजेश को गिरफ्तार किया था।
मुख्य आरोपी है ब्रजेश:बालिका गृह कांड में ब्रजेश ठाकुर मुख्य आरोपी है। उसी के एनजीओ द्वारा चलाए जा रहे शेल्टर होम की बच्चियों के साथ रेप हुआ। आरोप है कि ब्रजेश शेल्टर होम में रह रही बच्चियों का रेप कराता था। बच्चियों को शेल्टर होम से बाहर भेजा जाता था। जो लड़की ऐसा करने से मना करती उसे प्रताड़ित किया जाता। मुजफ्फरपुर में ब्रजेश ने एक होटल बनाया था। रात में लड़कियों को वहां भेजा जाता था। पटना में स्थित अखबार के ऑफिस में बने सुइट में भी बच्चियों को लाया जाता था।