श्रीमती सरोज ने गौ-शाला के लिये दान दे दी ढाई बीघा जमीन

कहा जीवन में सबसे ज्यादा खुशी का क्षण
‘हमारे जीवन का आज सबसे ज्यादा खुशी का दिन था, जब हमने गौ-शाला के लिये अपने हिस्से की ढाई बीघा जमीन देने का निर्णय लिया।’ विदिशा जिले की श्रीमती सरोज गोविंद देवलिया यह बताते हुए भावुक हो जाती हैं कि इस निर्णय से उनके गाँव बन जागीर में बेसहारा गौ-वंशीय पशुओं को घर मिल जायेगा। श्रीमती देवलिया मुख्यमंत्री श्री कमल नाथ को धन्यवाद देने भोपाल आई थीं, जिनके निर्णय से प्रदेश में सड़कों पर घूमते बेसहारा पशुओं के लिये गौ-शाला बनाने का काम शुरू हो गया है।
श्रीमती देवलिया अपने पति श्री गोविंद देवलिया के साथ आज मुख्यमंत्री से मिलीं और उन्हें अपने गाँव बन जागीर में गौ-शाला बनाने के लिये ढाई बीघा जमीन दान करने के दस्तावेज सौंपे। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार के काम में समाज का साथ मिलने से अच्छे परिणाम मिलते हैं। बन जागीर विदिशा जिले की गुलाबगंज तहसील का गाँव है। इसकी आबादी करीब एक हजार है। यह गाँव विदिशा मुख्यालय से करीब 15 किलोमीटर और तहसील मुख्यालय से 12 किलोमीटर दूर है। श्रीमती देवलिया के पास अपने हिस्से की तीस बीघा जमीन है। अभी इस पर गेंहू की फसल लगी है।
श्रीमती देवलिया ने यह जमीन अपनी सासू माँ स्वर्गीय श्रीमती शांति देवी की याद में सरकार को दान दी है। वे कहती हैं कि इससे माँ की याद ताजा रहेगी और बेआसरा पशुओं को घर भी मिल जायेगा।
गौ-शाला के लिये जमीन देने का ख्याल उन्हें तब आया, जब गाँव में कलेक्टर के निर्देश पर पटवारी गौ-शाला के लिये जमीन तलाशने बन जागीर पहुँचा। श्री गोविंद ने पटवारी से बात की और जमीन के कागज तैयार करवाये और अपने निर्णय के साथ मुख्यमंत्री से मिलने भोपाल आ गये।
श्री गोविंद देवलिया ने मुख्यमंत्री के निर्णय को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि रोज सुबह-शाम सड़कों पर बेसहारा मवेशी बैठे रहते हैं। लोग उन्हें यहाँ-वहाँ भगाते रहते हैं। उनके मालिक खुला छोड़ देते हैं। गौ-शाला खुलने से उन्हें आसरा मिल जायेगा।
श्री गोविंद देवलिया आश्चर्य से बताते हैं कि सरकारी गौ-शाला आज तक नहीं खोली गई। जब सरकार के ध्यान में यह बात आई, तो इतनी जल्दी अगले कुछ महीनों में ही 1000 गौ-शाला खोलने का निर्णय ले लिया गया। श्रीमती सरोज कहती हैं कि वे गौ-शाला बनने के बाद भी लगातार उसकी देख-रेख से जुड़े रहना चाहेंगी। गाँव के सरपंच ओंकार गिरी ने भी मुख्यमंत्री की खुले मन से तारीफ की और कहा कि इससे बड़ी समस्या का हल हो जायेगा। पटवारी श्री विश्वकर्मा ने देवलिया दंपति का आभार मानते हुए कहा कि एक बड़ा काम पूरा होने जा रहा है।
मुख्यमंत्री को जमीन के कागज सौंपते समय कांग्रेस उपाध्यक्ष श्री चन्द्रप्रभाष शेखर, पूर्व मंत्री श्री प्रकाश जैन और पूर्व विधायक श्री निशंक जैन उपस्थित थे।